भोपाल
MP के मेधावी छात्रों को आज बड़ी सौगात मिली है। इन छात्र छात्राओं को सरकार की ओर स्कूटी दी जा रही है। भोपाल के शिवाजी नगर के शासकीय सुभाष उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में सीएम मोहन यादव ने ऐसे कुछ बच्चों को सांकेतिक रूप से स्कूटी की चाबी दी। स्टूडेंट के खातों में वाहन की राशि भी ट्रांसफर की। कार्यक्रम में एक छात्रा ने सीएम मोहन यादव को पीछे बैठाकर स्कूटी दौड़ाई, उनके साथ साथ सुरक्षाकर्मी भी भागते दिखे।कार्यक्रम में प्रदेश के शिक्षा मंत्री राव उदय प्रताप सिंह, मंत्री कृष्णा गौर और मंत्री विजय शाह भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की।
स्कूटी पर बैठे सीएम
छात्र और छात्राएं स्कूटी पाकर बेहद खुश थे। सीएम मोहन यादव भी स्कूटी पर बैठे और एक छात्रा ने स्कूटी चलाई। सीएम हेलमेट लगाकर स्कूटी पर बैठे थे। सीएम मोहन यादव ने बच्चों को स्कूटी देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं भी दीं।
मुख्यमंत्री ने स्कूटी प्राप्त करने वाली छात्रा से बातचीत की
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्कूटी प्राप्त करने वाली छात्रा खुशी राय से बातचीत की। उन्होंने पूछा कि वह आगे की पढ़ाई के लिए किस विषय में एडमिशन ले रही हैं। खुशी ने बताया कि वह सीए की तैयारी कर रही हैं और साथ में बीकॉम कर रही हैं।
मुख्यमंत्री ने उसके परिवार के बारे में भी पूछा। खुशी ने बताया कि परिवार में उसके मम्मी-पापा हैं। बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री ने छात्रा से हल्के-फुल्के अंदाज में परिवार को लेकर बातचीत की और उसे स्कूटी मिलने पर बधाई देते हुए आगे की पढ़ाई के लिए शुभकामनाएं दीं।
पेंटिंग्स देख खुश हुए सीएम
सीएम मोहन यादव ने कार्यक्रम के दौरान बच्चों की ओर से बनाई गई प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया। इसमें बच्चों ने आकर्षक पेंटिंग्स बनाई थी। सीएम ने बच्चों की रचनात्मक प्रतिभा और कल्पनाशीलता की सराहना की। सीएम ने बच्चों से पेंटिंग्स के बारे में अनेक प्रश्न किए, जिसके बारे मे बच्चों ने उन्हें इसके बारे में बताया।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के साथ मंत्री राव उदय प्रताप सिंह, मंत्री कृष्णा गौर और मंत्री विजय शाह मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इस दौरान विद्यार्थियों के लिए सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी हुईं।
मुख्यमंत्री स्कूटी योजना के पात्रता नियमों में इस साल बदलाव किया गया है। वर्ष 2026 से योजना का लाभ लेने के लिए 12वीं में कम से कम 70% अंक हासिल करना जरूरी है। इसके साथ ही विद्यार्थी का अपने स्कूल में प्रथम स्थान पर होना भी अनिवार्य किया गया है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को प्रदेशभर के 7400 से ज्यादा मेधावी विद्यार्थियों को बड़ी सौगात दी। शासकीय हायर सेकंडरी स्कूलों में कक्षा 12वीं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को ये ई-स्कूटी दी जा रहीं हैं। राज्य स्तरीय स्कूटी वितरण का कार्यक्रम शासकीय सुभाष उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय शिवाजी नगर में आयोजित किया गया।
प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही मुख्यमंत्री स्कूटी योजना का उद्देश्य स्कूली विद्यार्थियों को शैक्षणिक उपलब्धियां हासिल करने के लिए प्रोत्साहित करना है। योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए विद्यार्थियों को कक्षा 12वीं में प्रथम प्रयास में ही 70% अंक के साथ स्कूल में प्रथम स्थान आना जरूरी है। प्रदेश सरकार द्वारा इस योजना का लाभ स्कूल शिक्षा एवं जनजातीय कार्य विभाग के शासकीय हायर सेकंडरी स्कूलों में नियमित विद्यार्थी के रूप में अध्ययनरत विद्यार्थी को दिया जाता है।
योजना में सभी संकायों के विद्यार्थियों को शामिल किया गया है। मोटराइज्ड स्कूटी के लिए अधिकतम 90 हजार रुपए और ई-स्कूटी के लिए अधिकतम 1.20 लाख रुपए की राशि प्रदान की जाती है।
95% अंक वाले शब्द अहिरवार से भी सीएम ने की बात मुख्यमंत्री ने शासकीय उच्चतर माध्यमिक उत्कृष्ट विद्यालय सुभाष के विद्यार्थी शब्द अहिरवार से भी संवाद किया। शब्द ने बताया कि उसने 12वीं में 95% अंक हासिल किए हैं। परिवार के बारे में पूछने पर उसने बताया कि उसके पिता और मां नहीं हैं और वह चाचा-चाची के साथ रहता है। मुख्यमंत्री ने पूछा कि उसे किसी तरह की परेशानी तो नहीं है, जिस पर शब्द ने कहा कि उसे कोई परेशानी नहीं है। शब्द ने बताया कि वह सीए की तैयारी कर रहा है। परिवार में किसी के सर्विस या बिजनेस में होने के सवाल पर उसने बताया कि ऐसा कोई नहीं है। उसने कहा कि फाइनेंस और अकाउंट्स में उसकी रुचि है, इसलिए उसने सीए बनने का लक्ष्य रखा है। मुख्यमंत्री ने उसकी रुचि और लक्ष्य की सराहना की।
आकाश साहू ने कहा- एग्रीकल्चर स्टार्टअप शुरू करूंगा मुख्यमंत्री ने विद्यार्थी आकाश साहू से भी बातचीत की। आकाश ने बताया कि उसके परिवार में माता-पिता, दो भाई और एक बहन हैं और उसके पिता कार्यक्रम में आए हैं। स्कूटी मिलने पर खुशी जाहिर करते हुए उसने मुख्यमंत्री का धन्यवाद किया। मुख्यमंत्री ने उससे पूछा कि क्या यह उसकी पहली गाड़ी है। आकाश ने बताया कि घर में उसके पिता के पास पहले से वाहन है। मुख्यमंत्री ने उसे वाहन चलाते समय ट्रैफिक नियमों का पालन करने की सलाह भी दी।
आगे के लक्ष्य के बारे में पूछने पर आकाश ने बताया कि वह अपना एग्रीकल्चर स्टार्टअप शुरू करना चाहता है। उसने बताया कि वह एग्रीकल्चर का छात्र है और 12वीं में उसके 95.2% अंक आए हैं। उसके पिता गेहूं और सोयाबीन की खेती करते हैं और सालाना करीब 4 से 5 लाख रुपए की कमाई होती है।
आकाश ने बताया कि वह ऑनलाइन क्विक कॉमर्स के माध्यम से फल और सब्जियों की सप्लाई का काम शुरू करना चाहता है। उसने इसके लिए ब्लिंकिट जैसी कंपनी के माध्यम से फल-सब्जी सप्लाई का काम करने की योजना बताई। मुख्यमंत्री ने उसकी जानकारी और उद्यम शुरू करने के विचार की सराहना करते हुए उसे शुभकामनाएं दीं।
अब तक 23000 से अधिक विद्यार्थी हो चुके लाभान्वित
प्रदेश सरकार द्वारा योजना अंतर्गत शिक्षण सत्र 2025-26 के लिए प्रदेश के 7400 से अधिक पात्र विद्यार्थियों को ई-स्कूटी का वितरण किया जा रहा है। मेधावी विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही इस योजना से अब तक प्रदेश के 23000 से अधिक पात्र विद्यार्थी लाभान्वित हो चुके हैं। योजना पर अब तक लगभग 246 करोड़ रुपए व्यय किए गए हैं।